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  • 1 answers

Gaurav Seth 5 years, 1 month ago

सेवा में,

श्रीमान संपादक महोदय,

अमर उजाला शिमला,

विषय: क्षेत्र में सफाई की व्यवस्था अत्यन्त दयनीय है। क्षेत्र में गंदगी फैली हुई है। उसके प्रति ध्यान आकर्षित करते किसी समाचार पत्र के संपादक को पत्र

महोदय,

           मेरा नाम कृष्ण शर्मा है , मैं शिमला जिले का रहने वाला हूँ | मैं अपने  लोकप्रिय समाचार पत्र के माध्यम से क्षेत्र में सफाई की व्यवस्था अत्यन्त दयनीय है। क्षेत्र में फैली हुई है गंदगी की समस्या के प्रति जनता और संबंध अधिकारियों का आग्रह करना चाहता हूँ |  

आशा करता हूँ कि आप मेरे पत्र को अपने लोकप्रिय समाचार पत्र में प्रकाशित करेंगे। मेरे क्षेत्र में राम नगर में सफाई के प्रति लापरवाही दिन-प्रिदीन बढ़ती ही जा रही है|  क्षेत्र की गली की नालियों तथा सड़कों में कूड़ा-करकट, मलबे आदि के ढेर लगे रहते हैं और गंदा पानी बहता रहता है| इन पर मच्छर-मक्खियां मंडराते रहते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हैं। हमारे क्षेत्र राम नगर में सफाई हेतु नगर निगम का कोई सफाई-कर्मचारी काम पर नहीं आता है।

                    मेरी आप से प्रार्थना है आप इस समस्या को अपने अख़बार में छापे ताकी सरकार इस समस्या के लिए कदम उठाए |हमारे क्षेत्र राम नगर की इस दुरवस्था पर ध्यान देते हुए इसे यथाशीघ्र सुधारने का प्रयत्न आरम्भ किया जाए जिससे समस्याओं को और अधिक बढ़ने से रोका जा सके। मेरा केंद्र सरकार से अनुरोध है कि वे इस संबंध में कार्यवाही करें|

धन्यवाद!  

भवदीय,

कृष्ण शर्मा|

शिमला

  • 3 answers

😀 😀 5 years, 1 month ago

आप गूगल सर्च कर सकते है ।।

😀 😀 5 years, 1 month ago

आपको हिंदी की किताब " अभिव्यक्ति और माध्यम" की पी•डी•एफ• मिल जाएगी ।।।

Sujata Mishra 5 years, 1 month ago

Ans
  • 2 answers

Mahi .... 5 years, 1 month ago

Are you asking about छापाखाना??

Diya Chauhan 5 years, 1 month ago

समाचार पत्र के मुख्य का कार्य कितने हैं
  • 3 answers

Ravi Gour 5 years, 1 month ago

Which jnv

Ravi Gour 5 years, 1 month ago

Yes

R. D. 5 years, 1 month ago

Yes me in J N V Atru Baran
  • 1 answers

😀 😀 5 years, 1 month ago

शास्त्रीय संगीत में तरह -तरह के राग , ताल इत्यादि होते है जबकि चित्रपट संगीत में इनका कुछ पता नही चलता ।। शास्त्रीय संगीत जहाँ सुरीलापन , जुड़ाव लाता है वही चित्रपट संगीत कानफोड़ू , शोर से भरा और तनाव पैदा करने वाला बन गया है यहाँ तक कि आज कल के गानो में बेतुकी , अश्लील और अजीब - सी तुकबंदी होती है ।।
  • 1 answers

Thakur Akhil Singh Sengar 5 years, 1 month ago

मियाँ नसीरुद्दीन के खानदान का पेशा तरह तरह की 56 प्रकार की रोटियां बनाने का था |
  • 2 answers

🤟Royal Thakur 🤟 5 years, 1 month ago

Aapse vinamra nivedan hai ke answer me question na kare anayatha vidhyarthiyo ko kast Ho skta hai ?

Ganga Mehra 5 years, 1 month ago

कबीर की धर्म विचारों पर प्रकाश डालिए
  • 1 answers

Ganga Mehra 5 years, 1 month ago

काव्यांश की भाषा की दो विशेषताएं का उल्लेख कीजिए
  • 5 answers

🤟Royal Thakur 🤟 5 years, 1 month ago

?

Ganga Mehra 5 years, 1 month ago

प्रेम भूरी भूरी में कौन सा अलंकार है नाम लिखते हुए हंकार को समझाइए

Aadya Singh 5 years, 1 month ago

Waah bhai ??????

🤟Royal Thakur 🤟 5 years, 1 month ago

Taj hotel *

🤟Royal Thakur 🤟 5 years, 1 month ago

Ek Garib parivar tha... Maa bhi Garib, bacche bhi Garib aur papa bhi garib.. Unke char noukar the vo bhi gareeb... Unke pass Ek car thi vo bhi Kabhi Kabhi Kharab ho jayegi the... Vo sirf hafte me teen din he takes hotel me khana khate the baki ke din unhe ghar me he khana pdta tha... Unke ghar me sirf do he AC the vo bhi second hand...
  • 1 answers

Alok Rinayet 5 years, 1 month ago

Sangeet Ka Prabhav manushya par Kaisa padta hai
  • 1 answers

Prateek .. 5 years, 1 month ago

bhai jaan question samaj ni aa rha.. so I can't help you.. sorry..?. how to show the link between student and electricity.. amm... as we all know electricity is very important in students life. without electricity we cant study. we cant see anything without electricity especially in night. is this the way. what you wanted or any other. please tell me.
  • 3 answers

Prateek .. 5 years, 1 month ago

we should pray to god for our healthy and prosperous future

Bharat Singh 5 years, 1 month ago

Will be go back to school

R. D. 5 years, 1 month ago

Hame ishvar se prathna Karni chahiy ki school open karva de because hame online study samjh me nhi aa rhi .
  • 3 answers

Sahil Ghangas 5 years, 1 month ago

Ya bat ja ka apna bap sa bol

Prateek .. 5 years, 1 month ago

ooo ho focus in your study.. not on father's.. you can't be anyone's father because father k uper itni saari responsibility hoti h . which you can't even imagine. stop dreaming. ??

Vani Kajla 5 years, 1 month ago

मैं तुम्हारा पापा हूं
  • 1 answers

Vani Kajla 5 years, 1 month ago

पप्पू कहां है
  • 1 answers

Yogita Ingle 5 years, 1 month ago

यदि हम माली की जगह होते तो हम हुकूमत के फैसले का इंतजार नहीं करते। हम पेड़ को काटने वेन स्थान पर अन्य लोगों की सहायता से दबे व्यक्ति वेन ऊपर से पेड़ को खिसका कर हटा देते और उस व्यक्ति को सुरक्षित बाहर निकल लेते। रजब पेड़ कटता ही नहीं तब हम पर कोई अनुशासनहीनता की कार्यवाही भी नहीं होती। आदमी को बचाना कोई अपराध नहीं है।

  • 1 answers

Sakshi Pathak 5 years, 1 month ago

Are you asking about "feature lekhan" ??
  • 3 answers

Prateek .. 5 years, 1 month ago

very happy diwali

Pk Singh 5 years, 1 month ago

Happy deepawali

Aadya Singh 5 years, 1 month ago

Happy Diwali?
निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए-(12) प्रसिद्ध दार्शनिक नीत्शे एक ऐसा देवता तलाश रहे थे, जो मनुष्य की पहुँच में हो। उसी की तरह नाच-गा सके। जीवन से भरपूर हो। हँसे-रोए, काम करे-कराए बिल्कुल आदमी की तरह। नीत्शे को ऐसा देवता नहीं मिला तो उसने कह दिया, "ईश्वर मर गया है।" लगता है कि नीत्शे को कृष्ण की जानकारी नहीं थी। वे नाचते, गाते हैं, काम करते हैं और योगी भी है-कर्मयोगी भी। काम करो, बाकी सब भूल जाओ-यह है उनका अनासक्त कर्म। यहाँ तक कि काम के फल की भी इच्छा मत करो-कर्मण्येवाधिकारस्ते। अजीब विरोधाभास है। काम करने का निराला ढंग है कि काम तो पूरे मन से करो, ईश्वर का आदेश समझकर करो पर उससे परे भी रहो। काम पूरा होते अनासक्त हो जाओ। यों कृष्ण जो भी करते हैं उसमें गजब की आसक्ति दिखाई देती। है- चाहे ग्वाले का काम हो, रसिक बिहारी का हो, सारथि का हो, उपदेष्टा या मार्गदर्शक का, वे मनोयोग से अपनी भूमिका निभाते दिखाई पड़ते हैं और अगले ही क्षण उससे अलग, जैसे कमल के पत्ते पर पड़ा पानी। जीवन का प्रत्येक पल पूरेपन से जीना और चिपकना नहीं, यही अनासक्ति है। उनमें कहीं अधूरापन दिखाई ही नहीं देता। पीछे मुड़ने का उन्हें अवकाश ही नहीं है। यह कृष्ण जैसा कर्मयोगी ही कर सकता है। वे विश्वरूप हैं, परंतु अहंकार का कहीं नाम तक नहीं। गाय चराने या रथ हाँकने का काम करने में भी उन्हें कोई हिचक नहीं।
  • 2 answers

R. D. 5 years, 2 months ago

Ye to sirf paragraph h questions to h hi nhi .

Gaurav Seth 5 years, 2 months ago

    1. नीत्शे कौन थे? वे क्या तलाश रहे थे? (2)
    2. "ईश्वर मर गया है"-नीत्शे ने यह क्यों कहा होगा? (2)
    3. कृष्ण के व्यक्तित्व में 'विरोधाभास' क्यों लगता है? (2)
    4. आशय स्पष्ट कीजिए-"कर्मण्येवाधिकारस्ते ....।" (2)
    5. कृष्ण की किन विविध भूमिकाओं का उल्लेख है। (2)
    6. कृष्ण के व्यक्तित्व से हम क्या सीख सकते हैं? (1)
    7. गद्यांश का उपयुक्त शीर्षक दीजिए। (1)

Answrs:

  1. नीत्शे एक प्रसिद्ध दार्शनिक थे। वे एक ऐसा देवता तलाश कर रहे थे, जो मनुष्य की पहुँच में हो और उसी की तरह नाच-गा सके और जो मनुष्य की तरह ही जीवनयापन करे।
  2. "ईश्वर मर गया है" नीत्शे ने यह इसलिए कहा होगा क्योंकि उसे ऐसा देवता नहीं मिला जो जीवन से भरपूर हो। जो मनुष्य की तरह हँसे-रोए, काम करे और कराए।
  3. कृष्ण के व्यक्तित्व में विरोधाभास लगता है क्योंकि वे नाचते गाते हैं, काम करते हैं। एक ओर वे योगी हैं, तो दूसरी ओर कर्मयोगी भी हैं।
  4. 'कर्मण्येवाधिकारस्ते' ........ का आशय है कि काम करो बाकी सब भूल जाओ। यहाँ तक कि काम के फल की इच्छा भी मत करो।मनुष्य का अपना काम है बिना किसी फल की इच्छा के कर्म करते रहना।
  5. कृष्ण की विभिन्न भूमिकाओं का उल्लेख किया गया है; जैसे-कृष्ण ग्वाले का काम करते हैं, रसिक बिहारी का, सारथी का, उपदेष्टा या मार्गदर्शक आदि का।
  6. कृष्ण के व्यक्तित्व से हम ये सीख सकते हैं कि जीवन के प्रत्येक पल को पूरेपन से जीना चाहिए, उससे चिपकना नहीं चाहिए।
  7. प्रस्तुत गद्यांश का उपयुक्त शीर्षक है-"कृष्ण:योगी एवं कर्मयोगी''
  • 1 answers

😀 😀 5 years, 2 months ago

@ Abhishek Rajak , kindly refer to book अभिव्यक्ति और माध्यम or get the pdf in google . आशा है आपको इससे मदद मिलेगी
  • 0 answers
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Sakshi Pathak 5 years, 1 month ago

Kisaan ko sarvadhik dukh apne bete ke jaane ka tha kyunki vhi uske budhape ka shara tha.. vo hota to kisan kisi tarah jivan kaat leta par uske chle jaane se vh behad dukh m tha

😀 😀 5 years, 2 months ago

किसान को अपने बेटे को खोने का दुख सर्वाधिक था , अब उसके पास न उसकी पत्नी थी , न ही उसकी गाय और न उसकी पुत्रवधू

Pinka Rani 5 years, 2 months ago

Kisan ko sarvathik dukh Kya tha

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